प्रो अमरेश प्रसाद भंडारी की कविता "आओगे न तुम" का हुआ विमोचन

VijaySharma
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प्रो अमरेश प्रसाद भंडारी की कविता "आओगे न तुम" का विमोचन

धनबाद -- नोवामुंडी कॉलेज- रविवार 17 मार्च को नोवामुंडी कॉलेज में कॉलेज परिवार के सौजन्य से बिनोद बिहारी महतो कॉलेज (धनबाद)के अंग्रेजी विभागाध्यक्ष प्रो अमरेश प्रसाद भंडारी 'विरल' द्वारा रचित 'आओगे न तुम....?कविता संग्रह का विमोचन बतौर मुख्य अतिथि टाटा स्टील के यूनिट हेड श्री दीपक श्रीवास्तव, टीआरएफ हेड श्री तुलसी दास गणवीर, नोवामुंडी कॉलेज के प्राचार्य डॉ मनोजित विश्वास, डीएवी स्कूल के प्राचार्य श्री पीके भुईंया, पद्मावती शिशु मंदिर की प्राचार्या श्रीमती सीमा पालित, कॉलेज के सचिव श्री पाण्डु सुरेन व शिक्षाविध श्री निसार अहमद ने पुस्तक का विमोचन किया। 
कार्यक्रम की शुभारंभ मुख्य अतिथि श्री दीपक श्रीवास्तव सहित सभी विशिष्ट अतिथियों ने दीप प्रज्ज्वलन एवं सरस्वती माँ की तस्वीर पर माल्यार्पण कर किया।
 श्री अमरेश ने कहा कि आज की युवा पीढ़ी को नैतिक मूल्यों पर रचित कहानियां, निबंध और कविताएं पढ़ने की जरूरत है। उन्होने कहा देश और दुनिया में निर्भया कांड कोई नयी घटना नहीं है क्योंकि महाभारत काल  के द्रौपदी चीरहरण को भुलाया नहीं जा सकता है।उन्होंने कहा कि साहित्य का उद्देश्य मानव को मानव बनाना है। 
श्री दीपक ने कहा कि विद्वान लेखक और कवि श्री अमरेश भंडारी जी द्वारा रचित कविता संग्रह 'आओगे न तुम? वास्तव में पारिवारिक रिश्तों और सामाजिक मूल्यों पर आधारित है। उन्होंने कहा कि य़ह कविता मन मस्तिष्क पर चोट कर चिंतन करने को विवश करती है। डीएवी स्कूल के प्राचार्य श्री पीके भुइयाँ ने कहा कि एक पिता- पुत्री के बीच दर्द भरे रिश्ते को उकेरती इस कविता की पंक्तियाँ ह्रदय को छू लेती है। शिक्षाविध श्री निसार अहमद ने कहा कि लेखक अमरेश की कविता संग्रह जीवन की हर पल की सच्चाई को उजागर करती है। उन्होंने कहा कि पारिवारिक जीवन में हर किसी को हरपल किसी का इंतजार रहता है। एक पिता अपनी बेटी को व्याह कर उसके ससुराल तो भेज देता है परंतु हरपल उसके आने का इंतजार करता है।प्राचार्य डॉ मनोजित विश्वास ने अपने स्वागत भाषण में लेखक अमरेश को उच्च कोटि के साहित्यकार बताते हुए कहा कि श्री अमरेश की पुस्तकों में ह्रदय को उद्वेलित करने की वह शक्ति है जो मानव मन और मस्तिष्क को झकझोरकर रख देती है। प्राचार्य ने बेटियों के विकास और सुरक्षा से संबंधित कविताएं लिखने के लिए उन्हें धन्यवाद दिया। 
कार्यक्रम में प्रो पी एन महतो ने 'बेटी' शीर्षक पर स्वलिखित एक कविता सुना कर सबको भावुक किया। 
श्री अमरेश को मुख्य अतिथि दीपक श्रीवास्तव, शिक्षाविद एवं कॉलेज के सचिव द्वारा शॉल और मोमेंटो देकर सम्मानित किया गया। 
प्राचार्य ने जानकारी प्रदान करते हुए कहा कि आगामी 14 और 15 अप्रेल को नोवामुंडी महाविद्यालय में दो  दिवसीय राष्ट्रीय सेमिनार का आयोजन, आचार संहिता के सभी नियमों और मानदण्डों का पालन करते हुए किया जाएगा। 
कार्यक्रम सभी शिक्षक- शिक्षकेत्तर और छात्र- छात्राओं की उपस्थिति में हुई। कार्यक्रम का संचालन प्रो भवानी कुमारी व धन्यावाद ज्ञापन डॉ मुकेश सिंह ने किया।

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